मुख्य पृष्ठ पर वापिस जाये
सवाल जरूर पूछिए , मालिक आप जनता है * क्या श्रम क़ानून के ऐतिहासिक बदलाव से श्रमिक और नियोक्ता दोनो को मिलेगा फायदा * कृषि विधेयक का विरोध कितना जायज * एहतियात बिना क्या कोरोना बद से बदतर होगा ? * एहतियात बिना क्या कोरोना बद से बदतर होगा ? * कहां जा रही है टीवी पत्रकारिता और हम * अभी राजस्थान कांग्रेस में सबकुछ अच्छा नही * अभी राजस्थान कांग्रेस में सबकुछ अच्छा नही * विशेष समिति निभाएगी सोनिया गांधी के लिए निगरानी और समन्वय की जिम्मेदारी * राजस्थान सरकार के ट्रबल शूटर रहे अविनाश पांडे और अन्य नेताओं को दी अहम जिम्मेदारी *
राजस्थान सरकार के ट्रबल शूटर रहे अविनाश पांडे और अन्य नेताओं को दी अहम जिम्मेदारी
राजस्थान सरकार के ट्रबल शूटर अविनाश पांडे और देवेंद्र यादव की संगठन में पदोन्नति

प्रदेश के संकटमोचक बने पार्टी के रणनीतिकार

अविनाश पांडे, रणदीप सिंह सुरजेवाला, अजय माकन, वेणुगोपाल, विवेक बंसल और देवेंन्द्र यादव को कांग्रेस में अहम जिम्मेदारी,

सियासी संकट के बीच विधायकों की बाड़ाबंदी के दौरान ये नेता थे गहलोत कैंप के प्रमुख रणनीतिकार, एआईसीसी में हुए बदलाव में

डॉ प्रदीप चतुर्वेदी

दिल्ली (ललकार) अखिल भारतीय कांग्रेस में शु्क्रवार रात कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी एआईसीसी में बड़े स्तर पर हुए फेरबदल करते हुए नई टीम तैयार की है, इनमें कई नेताओं की छुट्टी की गई है तो कई नेताओं को प्रमोशन भी दिया गया है।

सोनिया गांधी की नई टीम में कुछ ऐसे नेताओं को भी बड़े पदों पर नियुक्ति दी गई है जिन्होंने राजस्थान में आए सियासी संकट के दौरान सरकार बचाने के साथ ही विधायकों को एकजुट रखने और विपक्ष को लगातार घेरने का काम किया था, इन नेताओं में अविनाश पांडे, रणदीप सिंह सुरजेवाला, अजय माकन, के.सी.वेणुगोपाल, विवेक बंसल और देवेंद्र यादव को सोनिया गांधी वे अहम जिम्मेदारियां दी हैं। इन नेताओं को मुख्यमंत्री अशोक गहलोत का भी बेहद करीबी माना जाता है। बताया जाता है कि इन नेताओं को सरकार बचाने के तौर पर ही इनाम दिया गया है।

एक माह तक रहे थे बाड़ाबंदी में सचिन पायलट खेमे के बगावत करने के बाद गहलोत सरकार पर आए सियासी संकट के जब गहलोत के विधायक बाड़ाबंदी में गए थे तब मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के अलावा विधायकों को एकजुट रखने और नई रणनीति तैयार करने की जिम्मेदारी इन्हीं नेताओं के हाथों में थी।

ये नेता पूरे एक माह तक विधायकों के साथ बाड़ाबंदी में रहे थे। इसके अलावा राज्यसभा चुनाव के समय भी हुई बाड़ाबंदी की कमान इन ही नेताओं के पास थी। कांग्रेस आलाकमान के पास पल-पल की रिपोर्ट भी भेजी जाती थी।

इन नेताओं के ये मिली जिम्मेदारी कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता रहे रणदीप सिंह सुरजेवाला सियासी संकट के बीच विपक्ष खासकर बीजेपी पर सबसे ज्यादा हमलावर रहे। सोनिया गांधी की नई टीम में रणदीप सिंह सुरजेवाला का कद बढाया गया है, उन्हें पार्टी महासचिव बनाने के साथ ही कांग्रेस वर्किंग कमेटी और सोनिया गांधी को सलाह देने वाली 6 सदस्यीय कमेटी में भी स्थान दिया गया है।

राज्य के नए प्रभारी अजय माकन को कांग्रेस वर्किंग कमेटी में सदस्य बनया गया है। बाड़ाबंदी के दौरान गहलोत कैंप के प्रमुख रणनीतिकारों में शामिल रहे पार्टी के राष्ट्रीय संगठन महामंत्री केसी वेणुगोपाल को सोनिया गांधी को सलाह देने वाली 6 सदस्यीय कमेटी में भी स्थान दिया गया है।

इसके अलावा राज्य के पूर्व प्रदेश प्रभारी अविनाश पांडे को भी कांग्रेस वर्किंग कमेटी में स्थायी सदस्य बनाया गया है। पांडे राजस्थान के सियासी संकट में कांग्रेस सरकार के लिए ट्रबल शूटर के रूप में उभरे थे।

वहीं राजस्थान के सह प्रभारी विवेक बंसल का भी कद बढ़ाकर उन्हें प्रमोट किया गया है। बंसल को पड़ौसी राज्य हरियाणा का स्वतंत्र प्रभार दिया गया है। साथ ही कांग्रेस वर्किंग कमेटी का सदस्य भी बनाया गया है।विवेक बंसल की गिनती कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी के करीबी नेताओं में होती है। बंसल दो बार राजस्थान के सह प्रभारी रहे हैं। इसके अलावा राजस्थान के एक और सह प्रभारी रहे देवेंद्र यादव को भी बड़ी जिम्मेदारी दी गई है। यादव को उत्तराखंड का स्वतंत्र प्रभार दिया गया है।

Share News on